पैकेजिंग बॉक्स मेकिंग बिज़नेस Packaging box making business


पैकेजिंग  बिज़नेस में हमे किसी प्रोडक्ट के बॉक्स को आवश्यकतानुसार साइज में  प्रिंट करवाकर देना होता है। प्रिंटिंग के लिए डिज़ाइन भी बनवाना होती है।  
पैकेजिंग बॉक्स बनाने का बिज़नेस ऐसा बिज़नेस है, जिसमे एक बार यदि कोई हमसे कार्य करवाता है, और उसको हमारा काम व रेट पसंद आ जाये तो वह हर बार हमसे ही माल खरीदता है। इस तरह से वह हमारा परमानेंट कस्टमर बन जाता है। 
शरू में पैकेजिंग बॉक्स बनाने का बिज़नेस आप दो तरह से कर सकते है। पहला है मीडिएटर बनकर और दूसरा स्वयं का पैकेजिंग बॉक्स मेकिंग कारखाना डालकर।  

मीडिएटर कैसे बने :-
यदि आप केवल मीडिएटर बनना चाहते है, तो आपके लिए बहुत सरल कार्य है, यदि आपको किसी पार्टी से बॉक्स बनाने का काम मिलता है, तो आपको किसी पैकेजिंग बॉक्स बनाने के कारखाने से बॉक्स बनवाना है, और आपका कमीशन जोड़कर पार्टी को देना है। 

लेकिन मीडिएटर का काम यही समाप्त नहीं होता है। मीडियेटर को बॉक्स की डिज़ाइन किसी अच्छे ग्राफ़िक डिज़ाइनर से बनवाना है। और पार्टी से डिज़ाइन को पास करवाकर बॉक्स बनाने वाले को देना है। एक बार डिज़ाइन बनने के बाद वह डिज़ाइन हर बार काम आती है। 

पार्टी तक माल पहुंचाने की जिम्मेदारी आपकी ही है। इसमें एक बात जरूर ध्यान रखना कि जो सेम्पल पार्टी ने पास किया है, उससे जरा सा भी डिफरेंस हुआ तो पार्टी आपसे माल नहीं लेगी, या उसी माल का रेट बहुत काम भी कर सकती है। इसलिए जो सेम्पल की बात हुई है, वो ही माल देना, नहीं तो आपको नुकसान उठाना पड़ सकता है। पार्टी से एडवांस लेकर ही कार्य करे तो अच्छा है। 

हो सकता है पहले कार्य में आपको कुछ ज्यादा लाभ नहीं मिले, किंतु आपको सीखने को बहुत कुछ मिलेगा, की आपके अन्य खर्चे कौन कौन से होते है। 

बॉक्स मेकिंग का कारखाना डालना :- 
बॉक्स मेकिंग के कारखाना डालने के लिए आपको बहुत बड़ा इन्वेस्ट करना पडेगा। इसमें आप सभी तरह के पैकेजिंग बॉक्स बना सकते है। 


पैकेजिंग बॉक्स बनाने का कारखाना डालने के लिए हमें निम्न मशीनों की आवश्यकता होगी। (इन मशीनो को नई या पुरानी खरीद सकते है)
फोर कलर प्रिंटिंग मशीन (आठ से बीस लाख)
इस मशीन का उपयोग कलर प्रिंटिंग के लिए किया जाता है।



डाई पंचिंग मशीन (एक से पांच लाख)
इस मशीन का उपयोग बॉक्स के शेप को काटने और फोल्डिंग लाइन (क्रीजिंग) बनाने के लिए होता है।
 

हेवी स्टेपलर (२५ हजार से १ लाख तक)
बॉक्स के कार्नर आदि स्टेपल करने के लिए इस मशीन का उपयोग होता है। 


कटिंग  मशीन (पाँच लाख से पंद्रह लाख तक)
एज कटिंग एवं शेयरिंग के लिए इस मशीन का उपयोग होता है। 


शीट पेस्टिंग मशीन (दो से पांच लाख)
एक शीट के ऊपर एक और दूसरी शीट, ग्लॉसी शीट एवं लेमेनशन पेस्ट करने के लिए इस मशीन का उपयोग होता है।



थर्मल लेमिनेशन मशीन (दो से तीन लाख)
ग्लॉसी या मेट लेमिनेशन के लिए इस मशीन का उपयोग होता है। 


सिंगल कलर प्रिंटिंग मशीन (दो से तीन लाख)
युवी स्पॉट एवं युवी फुल प्रिंटिंग के लिए इसका उपयोग कर सकते है। 

स्क्रीन प्रिंटिंग इक्विपमेंट (दो से दस हजार)
कम क्वांटिटी के कार्य के लिए इसका उपयोग कर सकते है। 

यूवी ड्रायर (दो से तीन लाख)
युवी इंक को सुखाने के लिए काम आता है। 

बॉक्स पेस्टिंग एंड फोल्डिंग मशीन (एक से पांच लाख)
बॉक्स को ऑटोमेटिक फोल्ड और चिपकाने के लिए इस मशीन का उपयोग होता है। 




(करीब चालीस से पचास लाख तक का खर्च) 
इसके आलावा लगभग तीन से पांच हजार सके. फीट कवर्ड हाल की आवश्यकता होती है। एवं कुशल एवं अर्ध कुशल कारीगरों की आवश्यकता होती है। 

यदि आप आपका प्रिंटिंग बिज़नेस डालने का विचार कर रहे है, तो एक बार किसी प्रिंटिंग के कारखाने के जरूर देखकर आवे। 

दोस्तों में आशा करता हूँ, की आपको मेरा ये आइडिया पसंद आया होगा। यदि ये Business idea hindi में आपको  पसंद नहीं आया तो कोई बात नहीं हम बहुत जल्दी ही हम एक और नया Business idea प्रस्तुत करेंगे। हो सकता है, हमारा अगला बिज़नेस आइडिया आपको पसंद आ जाए। 

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धन्यवाद जय हिन्द। 

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